
उत्तर प्रदेश सरकार ने श्रमिकों के हित में जी रैम जी योजना के तहत एक नई और पारदर्शी भुगतान प्रणाली लागू करने की तैयारी की है। इस योजना का उद्देश्य श्रमिकों को उनका अधिकार समय पर और सीधे प्रदान करना है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने खुद इस योजना के तहत भुगतान की पूरी प्रक्रिया स्पष्ट की और बताया कि श्रमिकों के खाते में पैसा कैसे भेजा जाएगा. मुख्यमंत्री ने कहा कि इस योजना के तहत श्रमिकों को साप्ताहिक भुगतान किया जायेगा. उन्होंने यह भी कहा कि भुगतान में देरी होने पर मुआवजा भी देना होगा. यानी इसके लिए अतिरिक्त ब्याज देना होगा.
अगर काम नहीं मिलेगा तो क्या होगा?
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आगे कहा कि समय पर काम न मिलने की स्थिति में बेरोजगारी भत्ता अब कानूनी अधिकार बन गया है. यानी अगर किसी व्यक्ति ने कहा कि उसे काम की जरूरत है और ग्राम पंचायत काम नहीं दे रही है तो उसे बदले में भत्ता मिलने की गारंटी होगी. खेती के मौसम में किसानों को मजदूरों की कमी न हो, यह सुनिश्चित करने के लिए राज्यों को बुआई और कटाई के समय 60 दिनों तक काम रोकने का अधिकार दिया गया है। यानी राज्य तय करेंगे कि खेती का समय कब है.
उस समय मनरेगा कार्य स्थगित रहेंगे और खेती के लिए मजदूर पर्याप्त संख्या में मौजूद रहेंगे. साल में 125 दिन काम की गारंटी होगी. इस योजना में किसानों और मजदूरों दोनों के हितों की रक्षा की गारंटी दी गई है।
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