
नए साल के मौके पर काशी विश्वनाथ मंदिर में भक्तों की भारी भीड़.
नया साल मुबारक हो 2026: पूरी दुनिया नए साल का स्वागत कर रही है। न्यूजीलैंड से लेकर न्यू जर्सी तक लोग अलग-अलग अंदाज में नए साल का स्वागत कर रहे हैं. भारत में जहां लोगों ने आधी रात तक नए साल के स्वागत का जश्न मनाया, वहीं अब सुबह 4 बजे से ही मंदिरों में भक्तों की लंबी कतारें लगने लगी हैं। लोग अपने आराध्य की पूजा करके नए सार का स्वागत करना चाहते हैं। हर तरफ भक्ति का सैलाब नजर आ रहा है. आधी रात से ही मंदिर के बाहर लाखों भक्तों की कतार लगी हुई है.
रामलला के दर्शन के लिए लाखों लोग अयोध्या पहुंचे.
नए साल के पहले दिन की शुरुआत लोग अपने भगवान के दर्शन के साथ कर रहे हैं. अयोध्या, वाराणसी, मथुरा-वृंदावन, शिरडी, अमृतसर में लाखों लोग पूजा-अर्चना के लिए पहुंचे हैं। नए साल के मौके पर मंदिरों में भी भव्य तैयारियां की गई हैं. भारी भीड़ को देखते हुए मंदिरों में भगवान के दर्शन का समय बढ़ा दिया गया है. अयोध्या में रामलला और काशी में बाबा विश्वनाथ के दर्शन के लिए 2-2 किमी लंबी लाइनें और 3 किमी की बैरिकेडिंग की गई है. दर्शन के लिए 10 सेकंड से भी कम समय मिलता है।
नए साल पर क्या है धार्मिक स्थलों का हाल?
अयोध्या
नई भाषा में इन्हें जेन जेड कहा जाता है, युवाओं की टोली सनातनी रंग में सराबोर होती है. अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा द्वादशी की दूसरी वर्षगांठ पर लाखों श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं। राम मंदिर, अन्नपूर्णा मंदिर, अंगद टीला, हनुमानगढ़ी, रामपथ और सरयू घाट पर भक्तों की भारी भीड़ है.

अयोध्या
वाराणसी
नए साल के मौके पर वाराणसी के काशी विश्वनाथ मंदिर में भक्तों की भारी भीड़ देखने को मिल रही है. लाखों लोग भगवान विश्वनाथ के दर्शन करने आए हैं. बाबा काशी विश्वनाथ के दर्शन करने वालों में सबसे बड़ी संख्या युवाओं की है। वाराणसी के घाटों से लेकर मंदिरों तक जेन जेड ही नजर आता है. भोलेनाथ के जयकारों के साथ उनका उत्साह चरम पर है. घंटों लाइन में लगने के बाद बाबा के दर्शन हो रहे हैं लेकिन नए भारत का ये Gen Z पूरे जोश के साथ भगवान की भक्ति में लीन है.
2025 में बाबा विश्वनाथ के दरबार में रिकॉर्ड तोड़ भक्त पहुंचे. 2025 में 15 करोड़ से ज्यादा श्रद्धालु बाबा विश्वनाथ के दर्शन कर चुके हैं. इस बार नए साल के मौके पर वाराणसी में सामान्य से 10 गुना ज्यादा भीड़ है.
मथुरा
मथुरा वृन्दावन में भक्तों की इतनी भीड़ होती है कि शहर में पैर रखने की जगह नहीं मिलती। शहर में वाहनों के प्रवेश पर रोक है लेकिन फिर भी सड़कों पर सैलाब नजर आ रहा है. भक्तों के उत्साह को देखते हुए बांके बिहारी जी के मंदिर में दर्शन का समय बढ़ा दिया गया है. भक्तों के प्रवेश और निकास के लिए अलग-अलग द्वार खोले गए हैं लेकिन भक्तों का ऐसा सैलाब है कि कम होने का नाम ही नहीं ले रहा है.
देश के कोने-कोने से लोग भगवान बांकेबिहारी के दर्शन के लिए मंदिर की चौखट पर मत्था टेकने आए हैं। लाखों जेन जेड नए साल की शुरुआत मथुरा-वृंदावन में भगवान के दर्शन के साथ कर रहे हैं।
उज्जैन
उज्जैन के महाकाल मंदिर में भोलेनाथ के अभिषेक और भस्म आरती के दर्शन के लिए भक्त पहुंच चुके हैं. मुंबई के सिद्धिविनायक में भी सुबह से भक्तों की लंबी कतारें देखी गईं, जहां सैकड़ों भक्तों के साथ सुबह की आरती की गई।
शिरडी
नए साल के मौके पर भक्ति का यह रंग सिर्फ अयोध्या, मथुरा और काशी ही नहीं बल्कि अन्य धार्मिक स्थलों पर भी नजर आ रहा है. शिरडी में भी नए साल के मौके पर बाबा के भक्तों की भारी भीड़ देखने को मिलती है. यहां भी श्रद्धालुओं की लाइन में सबसे ज्यादा संख्या GENZ की है।
खाटू श्याम मंदिर, माता वैष्णो देवी
राजस्थान के खाटू श्याम मंदिर, कटरा के माता वैष्णो देवी मंदिर, शिमला के जाखू मंदिर में भक्तों की लंबी कतारें लगी रहती हैं. कड़ाके की सर्दी के बीच लोग जयकारे लगाते हुए भगवान के दर्शन करने पहुंचे हैं.
हरिद्वार
नए साल के मौके पर लाखों लोग मां गंगा की पूजा करने के लिए हरिद्वार पहुंचे हैं. नये साल पर गंगा स्नान के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी है. गंगा तट पर हजारों लोगों की भीड़ देखने को मिलती है. मां मनसा देवी मंदिर में माता रानी की एक झलक पाने के लिए लोग घंटों इंतजार कर रहे हैं।
नए साल के मौके पर देशभर के मंदिरों में भक्तों की भीड़ इतनी ज्यादा है कि भक्तों को मंदिर में पैर रखने की जगह नहीं मिल रही है, सड़कें चौक बन गई हैं. हर किसी की चाहत होती है कि नए साल की शुरुआत अपने भगवान के दर्शन के साथ करें ताकि आने वाला साल उनके जीवन में खुशियां लेकर आए।
