
मौके पर डीएम-एसपी और बिजली विभाग के अधिकारी
ध्यान से: यूपी के संभल में बिजली चोरी के कई मामले सामने आने के बाद बड़ी छापेमारी की गई है. इस दौरान संभल के डीएम, एसपी और बिजली विभाग के अधिकारी मौके पर मौजूद हैं. छापेमारी के दौरान पता चला कि कई लोग कटिया लगाकर बिजली चोरी कर रहे थे और 40 से 50 घरों में इसकी सप्लाई की जा रही थी.
संभल में कैसे हो रही है बिजली चोरी?
संभल में बिजली चोरों ने चोरी के लिए नई तरकीब अपनाई है. ये लोग पहले मेन लाइन में बिजली के खंभे से कनेक्शन लेते हैं। फिर बिजली के तार को सड़क किनारे जमीन से निकाल लिया जाता है. तार को छुपाने के लिए उस पर कूड़ा डाला जाता है और फिर दीवार के बीच में छेद करके तार को घर के अंदर डाल दिया जाता है. इस तरह लोगों के घरों में मुफ्त में बिजली का इस्तेमाल होने लगा।
आज संभल प्रशासन ने इस तरह से चोरी किए जा रहे कई बिजली कनेक्शन काट दिए हैं.
संभल में कहां हो रही बिजली चोरी?
आज सुबह संभल पुलिस, प्रशासन और बिजली विभाग ने संभल के राय सत्ती मोहल्ले में बिजली चोरी की सूचना पर छापेमारी की. संभल के एसपी के बिश्नोई, डीएम राजेंद्र पैंसिया भी बिजली विभाग की टीम के साथ गली-गली पैदल निकले। इस दौरान बिजली चोरी की सूचना पर आसिफ नामक व्यक्ति के घर का दरवाजा खटखटाया गया. इस दौरान बड़ी बिल्डिंग की तीसरी मंजिल पर बाहर पोल लगाकर खुलेआम बिजली चोरी की जा रही थी। साथ ही 40 से 50 घरों में बिजली की आपूर्ति की जा रही थी. बिजली विभाग ने तार काट दिया है.
इनके खिलाफ पहले भी बिजली चोरी का मुकदमा हुआ था और मीटर उतारे गए थे। आसिफ 75 साल के हैं. 6 लड़के हैं. लड़के दूध की डेयरी चलाते हैं. फिलहाल लड़के गायब हैं. घर के बाहर कई सीसीटीवी लगाए गए हैं, ताकि अगर छापा पड़े तो पता चल सके. सड़क को ढक दिया गया है और उस पर लालटेन लगा दी गई है, और एक निजी बिजली विभाग स्थापित कर दिया गया है। अब मुकदमा और कार्रवाई होगी।
एसपी संभल ने क्या कहा?
संभल के एसपी केके बिश्नोई ने बताया कि 51 प्रतिशत नुकसान की शिकायत थी। इसके बाद कार्रवाई शुरू कर दी गयी है.
संभल के सरायतरीन इलाके में भी छापेमारी
संभल के सराय तरीन इलाके में आज बिजली चोरी की शिकायतों पर पुलिस और प्रशासन ने बिजली विभाग के साथ मिलकर छापेमारी की. यहां एक शख्स के घर से बिजली का तार एक बड़ी मस्जिद को पार कर पीछे एक घर में जा रहा था. लाइट मैन ने जांच की तो पता चला कि मकान मालिक की छत पर एक किरायेदार रहता है। छत ख़राब थी इसलिए किरायेदार दूसरे घर में चला गया (जो मस्जिद के पीछे था)।
वहां कोई मीटर नहीं था, इसलिए मकान मालिक ने अपने मीटर से एक लाइन दूसरे घर तक बढ़ा दी, जिसके लिए मस्जिद के ऊपर से 20 मीटर का तार बढ़ाया गया था. इस तरह एक मीटर से दूसरे घर तक लाइट भेजना गलत है, इसलिए तार काटा गया.
मकान मालिक का कहना है कि बिजली मिस्त्रियों ने किराए के मकान में नया मीटर लगाने से मना कर दिया और खुद ही हमारे मीटर से लाइट जोड़ने का आइडिया और कनेक्शन दे दिया. अब चेकिंग हो रही है तो हमारी गलती बता रहे हैं.
