ईरान अमेरिकी युद्ध: क्या ईरान होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाजों पर कर लगाएगा? क्या हर टैंकर से 20 लाख डॉलर वसूलने की तैयारी की जा रही है? अमेरिकी न्यूज नेटवर्क सीएनएन ने सूत्रों के हवाले से बताया है कि ईरान अब होर्मुज जलडमरूमध्य पर अपने नियंत्रण का फायदा उठाकर पैसा कमाने की ओर बढ़ रहा है. इस इलाके में कौन सा जहाज इस इलाके से गुजरेगा और कौन सा नहीं, इसका फैसला ईरान ही करता है. इसके साथ ही वह जहाजों के गुजरने के लिए शर्तें भी रख रहा है.
हर टैंकर से वसूली की तैयारी!
सूत्र ने कहा कि ईरान इजरायल को दबाने और स्ट्रेट ऑफ होर्मूड में एक नई व्यवस्था स्थापित करने की कोशिश कर रहा है। सूत्र के मुताबिक, होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले प्रत्येक टैंकर के लिए लगभग 2 मिलियन डॉलर का भुगतान करना पड़ सकता है।
अगर युद्ध खत्म नहीं हुआ तो ट्रंप की मुश्किलें बढ़ जाएंगी
सूत्र ने आगे कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को युद्ध खत्म करने को लेकर ईरान की शर्तें मान लेनी चाहिए. साथ ही उन्होंने चेतावनी भी दी कि अगर उन्होंने ऐसा नहीं किया तो वे अपना राजनीतिक जीवन खतरे में डाल सकते हैं.
राजनीतिक करियर को ख़तरा
सूत्र ने कहा, “ऐसा लगता है कि अमेरिका के भीतर से बढ़ते दबाव और दुनिया भर में तेल की बढ़ती कीमतों का सामना कर रहे ट्रंप को नेतन्याहू द्वारा उनके लिए बिछाए गए जाल से जल्दी बाहर निकलना चाहिए और ईरान की शर्तों को स्वीकार करना चाहिए। अगर वह ईरान को जरूरी रियायतें नहीं देते हैं, तो वह एक अंतहीन रास्ते पर जा सकते हैं, जहां उनका पूरा राजनीतिक करियर खतरे में पड़ सकता है।”
ईरान को 48 घंटे का अल्टीमेटम
इससे पहले, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शनिवार को चेतावनी दी थी कि अगर ईरान 48 घंटे के भीतर होर्मुज जलडमरूमध्य को पूरी तरह से नहीं खोलता है, तो अमेरिका उसके ऊर्जा संयंत्रों को ‘नष्ट’ कर देगा. फ्लोरिडा में सप्ताहांत बिताने के दौरान ट्रंप ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट के जरिए यह चेतावनी दी. उन्होंने कहा कि ईरान को इस महत्वपूर्ण जलमार्ग को खोलने के लिए ठीक 48 घंटे का समय दिया जा रहा है, अन्यथा उसे नए हमलों का सामना करना पड़ेगा. उन्होंने कहा कि अमेरिका “सबसे बड़े संयंत्रों से लेकर विभिन्न बिजली संयंत्रों को नष्ट कर देगा।”
